स्वतंत्र पत्रकार समिति उत्तर प्रदेश ने पत्रकार शिवकुमार कुशवाहा के समर्थन में की बैठक

मांग की गयी निष्पक्ष जांच हो नहीं तो धरना प्रदर्शन के लिए समिति वाध्य होगी
संवाददाता कुशीनगर
फिरोज अंसारी अश्क 9 टीवी समाचार भारत UP बिहार MEDIA
कुशीनगर स्वतंत्र पत्रकार समिति उत्तर प्रदेश के केंद्रीय कार्यालय इंदरपुर में पत्रकार शिवकुमार कुशवाहा के विरुद्ध दर्ज मुकदमे को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक एवं प्रेस वार्ता आयोजित की गई। बैठक में बड़ी संख्या में पत्रकारों, मीडिया कर्मियों एवं सामाजिक लोगों ने भाग लिया तथा पूरे प्रकरण को प्रेस की स्वतंत्रता से जुड़ा गंभीर विषय बताया।
बैठक के दौरान वक्ताओं ने कहा कि पत्रकार शिवकुमार कुशवाहा लगातार जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते रहे हैं। हाल ही में सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र देवतहां, सुकरौली में सांप काटने के बाद एक बच्चे की इलाज के दौरान हुई मौत के मामले को लेकर उन्होंने घटनास्थल पर पहुंचकर परिजनों का पक्ष और अस्पताल की वास्तविक स्थिति को जनता के सामने रखा था। मृतक के परिजनों द्वारा अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए गए थे, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर सवाल उठने लगे थे।
पत्रकारों ने कहा कि शिवकुमार कुशवाहा द्वारा अस्पताल में पहले से चली आ रही कथित अनियमितताओं, मरीजों को बाहर की जांच लिखे जाने तथा स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल स्थिति को लगातार उजागर किया जा रहा था। इसी कारण उन्हें निशाना बनाते हुए उनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया गया। बैठक में मौजूद पत्रकारों ने इसे निष्पक्ष पत्रकारिता को दबाने का प्रयास बताया।
समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुख सागर शर्मा ने कहा कि लोकतंत्र में पत्रकारों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। यदि पत्रकारों को सच दिखाने पर मुकदमों और दबाव का सामना करना पड़ेगा तो यह समाज और लोकतंत्र दोनों के लिए गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच कराने तथा उपलब्ध वीडियो फुटेज एवं डिजिटल साक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए न्यायसंगत कार्रवाई करने की मांग की।बैठक में पत्रकार छोटेलाल भारती,सागर शर्मा, रितेश दुबे, अनिल गुप्ता, रितेश जायसवाल, फरियाद मलिक, सिरजेश यादव, शहाबुद्दीन अली,दीनदयाल पाण्डेय, राहुल विश्वकर्मा, फिरोज अंसारी अस्क सहित तमाम पत्रकार साथी उपस्थित रहे। सभी पत्रकारों ने एकजुट होकर कहा कि पत्रकार समाज सच और जनहित की आवाज को दबने नहीं देगा तथा किसी भी पत्रकार के साथ अन्याय होने पर मजबूती से उसके साथ खड़ा रहेगा।
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि पत्रकार हितों की रक्षा और निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा जाएगा तथा आवश्यक होने पर लोकतांत्रिक तरीके से आगे भी आंदोलन किया जाएगा। उपस्थित पत्रकारों ने कहा कि पत्रकारिता अपराध नहीं, बल्कि समाज और लोकतंत्र की सेवा है। यदि जनसमस्याओं और भ्रष्टाचार को उजागर करने वाले पत्रकारों पर कार्रवाई होगी तो यह जनता की आवाज को दबाने जैसा होगा।
कार्यक्रम के अंत में सभी पत्रकार साथियों ने एक स्वर में कहा कि सत्य की लड़ाई जारी रहेगी और पत्रकार समाज अन्याय के खिलाफ मजबूती से आवाज उठाता रहेगा।




